Category Law & justice

ट्रेन दुर्घटना के पीड़ित यात्री मुआवजा पाने के हकदार

सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस संजय करोल और जस्टिस एन कोटिश्वर सिंह की पीठ ने कहा कि ट्रेन दुर्घटना में जान गंवाने वाले यात्री के शव के पास टिकट न मिलने का मतलब ये नहीं है कि उसके परिवार को मुआवजा…

संतान का भरण पोषण करना पिता का कर्तव्य

इलाहाबाद हाईकोर्ट के जस्टिस अचल सचदेव की एकल पीठ ने कहा कि विवाह किए बिना जन्म लेने वाली संतान और उसकी मां भरण पोषण पाने की अधिकारी है। विवाह प्रमाण पत्र के अभाव में उन्हें भटकने के लिए छोड़ा नहीं…

बहाना बना कर भरण पोषण से बच नहीं सकता पति

इलाहाबाद हाईकोर्ट के जस्टिस अतुल श्री धरन और जस्टिस विवेक सरन की खंडपीठ ने कहा कि बिना प्रमाण बीमारी और बेरोज़गारी का बहाना बना कर पति, पत्नी के भरण पोषण से बच नहीं सकता, भले ही पत्नी एलएलबी डिग्रीधारी हो।…

सेवा काल में दिव्यांग हुए कर्मचारी को नहीं हटा सकते

सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस दीपांकर दत्ता और जस्टिस ऑगस्टीन जॉर्ज मसीह की पीठ ने एक महत्वपूर्ण आदेश में कहा है कि अगर कोई सरकारी कर्मचारी सेवा के दौरान दिव्यांग हो जाता है तो उसे नौकरी से नहीं हटाया जा सकता,…