
सर्विस बुक में दर्ज व्यक्ति का दावा खारिज योग्य नहीं : हाईकोर्ट
इलाहाबाद हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस अरुण भंसाली और जस्टिस क्षितिज शैलेंद्र की खंडपीठ ने कहा है कि मृत कर्मचारी की सर्विस बुक और अन्य सरकारी दस्तावेजों में बेटे के रूप में दर्ज व्यक्ति के दावे को केवल इस आधार पर खारिज नहीं किया जा सकता कि वो जैविक पुत्र नहीं है या गोद लिए जाने का प्रमाण उपलब्ध नहीं है।
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Source: Newsline Features And Press Agency, Agra



