प्रमोशन से पहले की प्रविष्टि स्वतः समाप्त नहीं होती : हाई कोर्ट

ADVERTISEMENT
Digital Chacha Advertisement

इलाहाबाद हाई कोर्ट के न्यायमूर्ति अनीश कुमार गुप्ता की एकल पीठ ने कहा कि कर्मचारी की प्रमोशन से पहले की सेवा प्रविष्टियां स्वतः समाप्त या अप्रासंगिक नहीं हो जाती। पीठ ने कहा कि अनिवार्य सेवा निवृत्ति पर विचार करते समय कर्मचारी के पूरे सर्विस रिकार्ड को देखा जा सकता है।
एक अन्य मामले में इलाहाबाद हाई कोर्ट के न्यायमूर्ति मंजू रानी चौहान की एकल पीठ ने कहा सार्वजनिक अवकाश के कारण सर्विस जॉइन नहीं करने वाले शिक्षक पहली वार्षिक वेतन वृद्धि साहित अन्य सभी सेवा लाभ पाने के अधिकारी हैं।
कोर्ट ने पीलीभीत की सीमा रे सहित विभिन्न जिलों से जुड़ी 17 याचिकाओं का निस्तारण करते हुए स्पष्ट किया कि वास्तविक वेतन वृद्धि की पात्रता तय करने के लिए केवल वास्तविक जॉइनिंग की तारीख को ही अंतिम निर्णायक आधार नहीं मना जा सकता, विशेषकर तब, जब नियुक्त व्यक्ति निर्धारित तिथि पर केवल सार्वजनिक अवकाश के कारण कार्यभार ग्रहण न कर सका हो।

Source: Newsline Features And Press Agency, Agra

ADVERTISEMENT
Advertisement

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *