
सूक्ष्म इकाइयां डाक से विदेश में बेच सकेंगी उत्पाद
जूता, मार्बल, हैंडीक्राफ्ट, गारमेंट, दवा और अन्य उत्पादों से जुड़ी आगरा की 65 हजार से अधिक सूक्ष्म निर्माण इकाइयां तीन लाख रुपए तक का ई-कॉमर्स निर्यात डाकघर के जरिए सीधे विदेश से कर सकेंगी। केंद्र सरकार और विदेश व्यापार महानिदेशालय ने ई-कॉमर्स निर्यात के नियमों में संशोधन कर पंजीकरण और विभिन्न प्रमाणपत्रों की अनिवार्यता को समाप्त कर दिया है।
प्रतापपुरा प्रधान डाकघर के सीनियर पोस्ट मास्टर एसके जैन ने बताया कि वर्तमान में छोटे उद्यमियों को डाक निर्यात केंद्र से निर्यात के लिए उत्तर प्रदेश निर्यात ब्यूरो से पंजीकरण और प्रमाण पत्र लेना पड़ता है। वर्तमान में डाकघर निर्यात केंद्र से 15-20 निर्यातक और लगभग 150 घरेलू कारोबारी जुड़े हैं।
Please click, watch, subscribe & share our YouTube Channel ‘Newsline Nation’:
सीनियर पोस्ट मास्टर ने बताया कि अब तीन लाख रुपए तक की छूट मिलने से स्थानीय उद्यमी जूते, हैंडीक्राफ्ट, गारमेंट और दवाएं आसानी से डाक या कोरियर के जरिए विदेशी खरीदारों तक पहुंचा सकेंगे। उन्होंने बताया कि पंजीकरण और प्रमाणपत्र की जटिल प्रक्रिया के कारण छोटे कारोबारी अंतरराष्ट्रीय बाजार से दूर रहते थे। बंदिशें खत्म होने से अब शहर के स्टार्टअप और छोटे दस्तकार आसानी से ई-कॉमर्स प्लेटफार्म का लाभ उठाकर वैश्विक व्यापार में अपनी हिस्सेदारी बढ़ा सकेंगे।
Source: Newsline Features And Press Agency, Agra



