
राजकीय संप्रेक्षण और बाल गृह का अधिकारियों ने किया निरीक्षण
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण आगरा के सचिव पंकज कुमार-I एवं किशोर न्याय बोर्ड के प्रधान मजिस्ट्रेट कृष्ण मोहन पाण्डेय द्वारा शुक्रवार 14 अगस्त को सिरौली, मलपुरा स्थित राजकीय सम्प्रेक्षण गृह किशोर तथा राजकीय बाल गृह शिशु का संयुक्त निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों द्वारा दोनों संस्थानों में आवासित किशोरों एवं बच्चों को उपलब्ध कराई जा रही आवासीय व्यवस्था, भोजन, चिकित्सा सुविधा, स्वच्छता, शिक्षा, मनोरंजन, सुरक्षा तथा अन्य मूलभूत सुविधाओं का जायजा लिया गया। संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों से संस्थानों में उपलब्ध व्यवस्थाओं तथा बच्चों के दैनिक क्रियाकलापों के संबंध में जानकारी प्राप्त की गई।
अधिकारियों ने राजकीय सम्प्रेक्षण गृह किशोर में आवासित किशोरों से संवाद कर उनकी समस्याओं एवं आवश्यकताओं के संबंध में जानकारी ली तथा उन्हें उनके विधिक अधिकारों, निःशुल्क विधिक सहायता एवं न्यायिक प्रक्रिया के संबंध में आवश्यक जानकारी प्रदान की। इसके साथ ही किशोरों को शिक्षा एवं कौशल विकास के माध्यम से अपने भविष्य को बेहतर बनाने के लिए प्रेरित किया गया।
इसी क्रम में राजकीय बाल गृह शिशु में आवासित बच्चों की देखभाल, स्वास्थ्य, पोषण एवं सुरक्षा संबंधी व्यवस्थाओं का भी निरीक्षण किया गया। अधिकारियों द्वारा संबंधित कर्मचारियों को बच्चों के सर्वोत्तम हित को ध्यान में रखते हुए उनकी आवश्यकताओं की समुचित पूर्ति एवं सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित किए जाने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव ने कहा कि प्राधिकरण का उद्देश्य समाज के प्रत्येक वर्ग, विशेषकर बच्चों एवं किशोरों को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करना तथा उन्हें आवश्यकतानुसार निःशुल्क विधिक सहायता उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि किशोरों एवं बच्चों के संरक्षण, पुनर्वास एवं सर्वांगीण विकास के लिए सभी संबंधित संस्थाओं के समन्वित प्रयास आवश्यक हैं।
Source: Newsline Features And Press Agency, Agra



