
किशोरों के सर्वांगीण विकास और पुनर्वास के लिए होंगे प्रेरणात्मक कार्यक्रम
आगरा के राजकीय संप्रेक्षण गृह (किशोर) में रह रहे किशोरों के शैक्षिक, नैतिक, मानसिक, सामाजिक एवं व्यक्तित्व विकास के विभिन्न पहलुओं पर विचार विमर्श करने के मंगलवार 21 जुलाई को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के पूर्णकालिक सचिव पंकज कुमार-I द्वारा डॉक्टर भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय आगरा परिसर स्थित कुलपति के विश्राम कक्ष में एक बैठक आयोजित की गई।
सचिव ने कहा कि संप्रेक्षण गृह के किशोरों को मुख्यधारा से जोड़ने एवं उनके सर्वांगीण विकास के लिए गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, कौशल विकास, विधिक जागरूकता, व्यक्तित्व विकास, खेलकूद, सांस्कृतिक गतिविधियों तथा समय-समय पर प्रेरणात्मक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाना अत्यंत आवश्यक है।
कुलपति प्रोफेसर आशु रानी ने विश्वविद्यालय स्तर से हर संभव सहयोग प्रदान करने का आश्वासन देते हुए कहा कि विश्वविद्यालय के माध्यम से विभिन्न विशेषज्ञों, शिक्षकों एवं विद्यार्थियों की सहभागिता सुनिश्चित करते हुए किशोरों के शैक्षिक उन्नयन, व्यक्तित्व विकास, करियर मार्गदर्शन, काउंसलिंग तथा कौशल विकास से संबंधित कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिससे वे भविष्य में आत्मनिर्भर एवं समाज की मुख्यधारा से जुड़ सकें।
बैठक में इस बात पर भी सहमति बनी कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण एवं विश्वविद्यालय के संयुक्त प्रयासों से समय-समय पर राजकीय सम्प्रेक्षण गृह (किशोर) में विभिन्न जनकल्याणकारी एवं जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिससे किशोरों के समग्र विकास को नई दिशा मिल सके।
Source: न्यूज़लाइन फीचर्स एंड प्रेस एजेंसी



